WEBVTT

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00:19:01.660 --> 00:19:56.230
आज बापदादा चारों ओर के बच्चों के तीन रूप देख रहे हैं।
Today, BapDada was seeing the three forms of the children everywhere.

2
00:20:06.099 --> 00:21:04.559
जैसे बाप के विशेष तीन सम्बन्ध याद रहते हैं वैसे बच्चों के भी तीन रूप देख हर्षित हो रहे हैं।


3
00:21:21.660 --> 00:21:39.200
अपने तीनों ही रूप जानते हो ना।


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00:21:52.160 --> 00:22:56.130
इस समय सभी बच्चे ब्राह्मण रूप में हैं और ब्राह्मण सो लास्ट स्टेज,ब्राह्मण सो फरिश्ता है फिर फरिश्ता सो देवता हो।
At this time the children are in the Brahmin form, and the last stage of the Brahmin form is the angelic stage, and the angels are then to become deities.

5
00:23:13.759 --> 00:24:11.299
सबसे विशेष वर्तमान ब्राह्मण जीवन है।ब्राह्मण जीवन अमूल्य है।
Brahmin life is the most special of all - Brahmin life is invaluable.

6
00:24:20.230 --> 00:24:48.630
ब्राह्मण जीवन की विशेषता है प्युरिटी।
The speciality of Brahmin life is purity.

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00:25:05.160 --> 00:25:20.900
प्युरिटी ही ब्राह्मण जीवन की रीयल्टी है।
Purity is the reality of Brahmin life.

8
00:25:27.799 --> 00:25:43.400
प्युरिटी ही ब्राह्मण जीवन की पर्सनैलिटी है।
Purity is the personality of Brahmin life.

9
00:25:58.400 --> 00:26:09.759
प्युरिटी ही सुख शान्ति की जननी है।
Purity is the mother of peace and happiness.

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00:26:19.130 --> 00:26:51.799
जितनी प्युरिटी होगी उतनी सुख और शान्ति जीवन की नेचुरल और नेचर होगी।
Purity brings happiness and peace in your life in a natural way, and it will be your nature.

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00:27:13.000 --> 00:28:20.799
और प्योर आत्माओं का लक्ष्य है ब्राह्मण सो देवता नहीं लेकिन पहले फरिश्ता बनने का है, फरिश्ता सो देवता है।तो ब्राह्मण सो फरिश्ता,फरिश्ता सो देवता।
And the aim of pure souls is not to be deities, but first to become angels.The angels then become deities.

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00:28:24.759 --> 00:28:41.759
यह तीन रूप बापदादा सभी बच्चों का देख रहे हैं।


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00:28:52.359 --> 00:29:10.029
आप सभी को अपने तीन रूप सामने आ गये?आ गये?
Have your three forms come in front of you?

14
00:29:26.660 --> 00:29:56.430
ब्राह्मण तो बन गये, अभी लक्ष्य है फरिश्ता बनने का।यही लक्ष्य है ना!है?
You are already Brahmins - now your aim is to be angels.

15
00:30:10.829 --> 00:31:17.500
फरिश्ता बनना ही है,चेक करो फरिश्तेपन की विशेषतायें जीवन में कितनी दिखाई देती हैं?
Check how many specialties of an angel are visible in your life.

16
00:31:27.630 --> 00:32:13.660
फरिश्ता अर्थात् जिसका पुराने संसार और पुराने संस्कार से कोई नाता नहीं।
An angel has no connection with the old world, and old sanskars.

17
00:32:33.900 --> 00:33:36.630
फरिश्ता अर्थात् सिर्फ समस्या के समय डबल लाइट नहीं, लेकिन सदा मन्सा-वाचा,संबंध-सम्पर्क में डबल लाइट,हल्का।
An angel is double-light - not just a the time of problems, but constantly double-light in thoughts, words, and relationships.

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00:33:59.960 --> 00:34:08.760
हल्की चीज़ अच्छी लगती है वा बोझ वाली चीज़ अच्छी लगती है?


19
00:34:09.829 --> 00:34:12.559
क्या अच्छा लगता है?


20
00:34:12.929 --> 00:34:16.159
हल्का पसन्द है ना?


21
00:34:38.699 --> 00:35:13.199
फरिश्ता अर्थात् जो सर्व का, थोड़ों का नहीं, सर्व का प्यारा और न्यारा हो।
An angel is loved by all, and detached from all.

22
00:35:17.760 --> 00:35:29.760
सिर्फ प्यारा नहीं, जितना प्यारा उतना ही न्यारा हो।
Not just loving, but detached, to the same extent.

23
00:35:50.429 --> 00:37:11.730
फरिश्ता की निशानी है, वह सर्व का प्रिय होगा।जो भी देखेंगे, जो भी मिलेंगे,जो भी संबंध में आयेंगे,सम्पर्क में आयेंगे वह अनुभव करेंगे कि यह मेरा है।जैसे बाप के लिए सभी अनुभव करते हैं, मेरा है।
The sign of an angel is to be loved by all - whoever sees you, meets or comes into connection or relationship with you, experiences that you belong to them, just as everyone experiences the Father to belong to them.

24
00:37:17.599 --> 00:37:22.829
अनुभव करते हैं ना?
You have this experience do you not?

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00:37:23.800 --> 00:38:10.960
ऐसे फरिश्ता अर्थात् हर एक अनुभव करे यह मेरा है।अपनापन का अनुभव हो क्योंकि हल्का होगा ना तो हल्कापन प्रिय बना देता है सबका।
Your lightness makes you loved by everyone.

26
00:38:34.659 --> 00:39:02.059
सारा ब्राह्मण परिवार अनुभव करे कि यह मेरा है।
The whole Brahmin family should feel that you belong to them.

27
00:39:05.199 --> 00:39:22.099
भारीपन नहीं हो क्योंकि फरिश्ते का अर्थ ही है डबल लाइट।


28
00:39:45.230 --> 00:40:14.230
फरिश्ता अर्थात् संकल्प, बोल,कर्म, संबंध,सम्पर्क में बेहद हो।
An angel is unlimited in thoughts, words, actions, and relationships.

29
00:40:17.630 --> 00:40:20.829
हद नहीं हो।
There should be no limitations.

30
00:40:44.059 --> 00:40:53.960
सब अपने हैं और मैं सबका हूँ।
Everyone is mine, and I belong to everyone.

31
00:40:59.730 --> 00:41:12.699
जहाँ ज्यादा अपनापन होता है ना वहाँ हल्कापन होता है।
Where there is a feeling of belonging, there is lightness.

32
00:41:14.559 --> 00:41:51.760
संस्कार में भी हल्कापन, तो चेक करो कितना परसेन्ट फरिश्ता स्टेज तक पहुंचे हैं?
So check to what percentage you have reached the angelic stage.

33
00:42:03.360 --> 00:42:09.360
चेक करना आता है?


34
00:42:11.000 --> 00:42:17.730
चेकर भी बन गये हो, मेकर भी बन गये हो।


35
00:42:17.730 --> 00:42:21.000
मुबारक हो।


36
00:42:35.230 --> 00:42:51.829
बापदादा ने आप सबके होम वर्क की रिजल्ट देखी।


37
00:42:56.500 --> 00:43:03.730
होमवर्क की रिजल्ट लिखी है ना सभी ने।
All of you have written the result of your homework.

38
00:43:20.329 --> 00:43:28.099
तो रिजल्ट में क्या देखा?


39
00:43:34.300 --> 00:46:21.800
बापदादा की शुभ आश है कि कम-से-कम वर्तमान समय सभी बातों में, सात बातें लिखी है ना।कम-से-कम वर्तमान समय प्रमाण मैजारिटी की 75 परसेन्ट जरूर होनी चाहिए।सातों ही बातों में।कोई किसमें कम है, कोई किसमें कम है लेकिन बापदादा की यही शुभ आशा है कि अब समय को देखते हुए जो महारथी समझते हैं अपने को, उन्हों की स्टेज तो 95 परसेन्ट होनी चाहिए।होनी चाहिए ना?
BapDada has the pure desire that at present, according to time, the majority should have a minimum of 75% in all the seven things you have written about.Those who consider themselves maharathis should have 95%.

40
00:46:22.960 --> 00:46:27.429
पाण्डव होनी चाहिए?
Pandavas, should it be this?

41
00:46:32.500 --> 00:46:41.400
चलो थोड़ा दूसरा नम्बर है तो भी 75परसेन्ट होनी चाहिए।
OK a few of you are in the second number, so then it should be 75%.

42
00:46:46.030 --> 00:46:49.630
क्या समझती हैं दादियां?
What do the Dadis think?

43
00:46:54.829 --> 00:47:08.659
95परसेन्ट है?
Is it 95%?

44
00:47:10.659 --> 00:47:17.800
आगे लाइन वाले सभी क्या समझते हैं?
What do all of those sitting in the front row think?

45
00:47:19.800 --> 00:47:23.159
95 परसेन्ट है?


46
00:47:23.159 --> 00:47:40.260
और आपकी कितनी होनी चाहिए?


47
00:47:40.260 --> 00:48:00.829
75परसेन्ट?


48
00:48:00.829 --> 00:48:05.929
आप भी 75 समझते हो?


49
00:48:18.960 --> 00:49:24.429
अच्छा कल विनाश हो जाए तो?75परसेन्ट में जायेंगे?75परसेन्ट होगा तो वन वन वन में नहीं आयेंगे।फिर क्या करेंगे?चलो, बापदादा आज के दिन, आज विशेष है ना,तो आज के दिन को बीती सो बीती करते हैं,ठीक है?
What if destruction were to take place tomorrow - if you have 75% then, you will not be part of 1-1-1. Ok, never mind - today is special - so today BapDada is letting the past be past.

50
00:49:30.829 --> 00:50:01.900
अच्छा जो कल से 75कह रहे हैं ना,तो चलो 95नहीं, 85 तक तो आयेंगे?
OK, it is not 95%: will you claim at least 85%?

51
00:50:01.900 --> 00:50:07.900
आयेंगे।


52
00:50:10.230 --> 00:50:23.699
परसों अगर विनाश करें,तो 85 तक होंगे?


53
00:50:23.699 --> 00:50:42.929
पीछे वाले होंगे?हाथ उठाओ।अच्छा 85परसेन्ट होगा?
Will those sitting at the back have this much?

54
00:50:45.260 --> 00:51:36.860
(किसी ने कहा 98परसेन्ट है) मुबारक है, मुख में गुलाबजामुन खा लो क्योंकि देख तो रहे हो,जानते भी हो,कि हो जाना ही है।
Congratulations eat a gulab jamun because you can see and you definitely know you have to become that.

55
00:51:38.599 --> 00:51:46.860
हो जायेंगे नहीं,होना ही है।


56
00:51:52.960 --> 00:52:13.829
गे, गे नहीं करो, हो जायेंगे, देख लेंगे… कोशिश करेंगे… अब यह भाषा परिवर्तन करो।


57
00:52:17.699 --> 00:52:38.460
जो भी संकल्प करो,चेक करो कितनी परसेन्ट निश्चय और सफलतापूर्वक है?
Check what percentage of faith and success you have.

58
00:52:44.760 --> 00:52:54.860
अभी चेक करने की स्पीड तीव्र करो।
Now intensify your speed of checking.

59
00:52:55.760 --> 00:53:01.030
पहले चेक करो फिर कर्म में आओ।
First of all check, and then act.

60
00:53:05.030 --> 00:53:17.559
ऐसे नहीं जो भी संकल्प आया,जो भी बोल में आया, जो भी संबंध सम्पर्क में हुआ, नहीं।


61
00:53:19.960 --> 00:53:33.699
जो वी.वी. आई.पी. होते हैं उनकी चेकिंग कितनी होती है, पता है ना।


62
00:53:36.659 --> 00:53:43.199
हर चीज़ पहले चेक होती है फिर कदम रखते हैं।


63
00:53:45.630 --> 00:53:56.960
तो अभी दो घण्टे चार घण्टे के बाद चेकिंग नहीं चलेगी।


64
00:53:59.760 --> 00:55:17.960
पहले चेकिंग फिर कदम क्योंकि आप तो सृष्टि ड्रामा के, आजकल के वी.वी.आई.पी. जो हैं, वह तो एक जन्म के हैं।वह भी थोड़े समय के लिए हैं।और आप ब्राह्मण सो फरिश्ते कितने भी वी.वी. लगा दो,इतने हो।देखो, आप अपने आगे वी.वी.वी. लगाते जाओ, आपने अपने चित्र तो देखे हैं ना जो पूजे जा रहे हैं, वह देखे है ना।
You are the VVIPs of the world drama - those who are VIPs today are just that for one birth, and that too for only a short time - whereas you Brahmins who are to become angels are VVIPs, and you can put as many “V”s as you want.You must have seen your own images that are worshipped.

65
00:55:17.960 --> 00:55:35.059
चलो मन्दिर नहीं देखे फोटो तो देखे हैं, अभी भी उन्हों की कितनी वैल्यु है।
OK, you may not have seen the temples, but you must have seen the photos.

66
00:55:38.360 --> 00:56:06.199
कितने बड़े-बड़े मन्दिर बनाते हैं और आपका चित्र जो है वह तो तीन फुट में आ जाता है,तो कितना आपकी वैल्यु है।
They build such big temples although your pictures are only 3 feet.

67
00:56:06.199 --> 00:56:10.230
जड़ चित्र की भी वैल्यु है।


68
00:56:11.260 --> 00:56:13.030
है ना!


69
00:56:13.030 --> 00:56:15.860
वैल्यु है ना!


70
00:56:20.130 --> 00:56:29.059
आपके चित्र का दर्शन करने के लिए कितनी क्यु लगती है।
There are so many queues to have a glimpse of your images.

71
00:56:33.699 --> 00:56:41.630
और चैतन्य में कितने वी.वी.आई. पी. हो।
You are such VVIPs in the living form.

72
00:56:49.829 --> 00:57:04.500
तो कदम उठाने के पहले चेक करो, करने के बाद चेक किया, वह कदम तो गया।
So check before every step.If you check afterwards, the step is gone.

73
00:57:06.000 --> 00:57:11.800
वह कदम फिर आपके हाथ में नहीं आयेगा।


74
00:57:21.760 --> 00:57:31.760
अज्ञानकाल में भी कहते हैं, सोच समझकर काम करो।


75
00:57:31.760 --> 00:57:35.900
काम करके सोचो नहीं।


76
00:57:37.760 --> 00:57:42.960
पहले सोचो फिर करो।


77
00:57:48.929 --> 00:57:57.630
तो अपने स्वमान की सीट पर रहो।
Remain seated on your seat of self respect.

78
00:58:02.900 --> 00:58:16.159
जितना पोजीशन में रहते तो आपोजीशन नहीं हो सकती।
When you stay in your position, there cannot be opposition.

79
00:58:19.159 --> 00:58:32.059
माया की आपोजीशन तब होती है जब पोजीशन में नहीं रहते हो।


80
00:58:48.030 --> 00:59:07.900
तो अभी बापदादा का क्वेश्चन है,सबका लक्ष्य तो है सम्पूर्ण बनने का, सम्पन्न बनने का।
Everyone’s aim is to become complete and perfect.

81
00:59:08.400 --> 00:59:14.199
लक्ष्य है या थोड़ा-थोड़ा बनने का है?


82
00:59:14.199 --> 00:59:21.659
लक्ष्य है?


83
00:59:21.659 --> 00:59:26.199
सबको है तो हाथ उठाओ।


84
00:59:26.500 --> 00:59:30.900
सम्पूर्ण बनना है, अच्छा।


85
00:59:30.900 --> 00:59:35.630
कब तक?
By when?

86
00:59:41.760 --> 00:59:56.559
आप लोगों से क्वेश्चन करते हो ना,स्टूडेन्ट से भी टीचर्स क्वेश्चन करती हैं ना- आपका क्या लक्ष्य है?
You ask people this question do you not?Teachers ask students this question.

87
00:59:57.360 --> 01:00:21.699
तो आज बापदादा विशेष टीचर्स से पूछते हैं।30 वर्ष वाले बैठे हैं ना।
So today BapDada is asking you teachers, those who have been 30 years in gyan.

88
01:01:07.730 --> 01:01:17.829
तो 30वर्ष वालों को कल ही आपस में बैठकर प्रोग्राम बनाना चाहिए।


89
01:01:17.829 --> 01:01:23.099
मीटिंग तो बहुत करते हो।


90
01:01:27.730 --> 01:01:33.800
बापदादा देखते हैं मीटिंग, सीटिंग,मीटिंग सीटिंग।


91
01:01:42.000 --> 01:01:54.400
लेकिन अब ऐसी मीटिंग करो,कि कब तक सम्पन्न बनेंगे?


92
01:01:59.260 --> 01:02:13.659
और सब फंक्शन मनाते हो, डेट फिक्स करते हो,फलाना प्रोग्राम फलानी डेट, इसकी डेट नहीं है?
You fix dates for other functions and programmes, so is there no date for this?

93
01:02:16.199 --> 01:02:46.659
जितने साल चाहिए उतने बताओ।क्यों?बापदादा क्यों कहते हैं?क्योंकि बाप से प्रकृति पूछती है कि कब तक विनाश करें?
Tell Baba how many years you want, because nature is asking the Father when it should carry out destruction.

94
01:02:48.099 --> 01:02:51.929
तो बापदादा क्या जवाब दें।


95
01:02:55.599 --> 01:02:59.860
बापदादा बच्चों से ही पूछेंगे ना।


96
01:03:00.630 --> 01:03:02.260
कब तक?


97
01:03:02.260 --> 01:03:09.260
आज की विशेष टॉपिक है कब तक?


98
01:03:15.800 --> 01:04:11.829
डबल फारेनर्स बैठे हैं ना,तो डबल पुरूषार्थ होगा ना।कमाल करो।फारेनर्स एक्जैम्पुल बनो।बस ब्राह्मण परिवार के आगे, विश्व के आगे सम्पन्न और सम्पूर्ण।सर्व शक्तियां,सर्वगुण से सम्पन्न अर्थात् सम्पूर्ण, सर्व हो।
Double foreigners are sitting here - become examples - become complete and perfect in front of the Brahmin family and the world - complete with all powers and virtues.

99
01:04:13.059 --> 01:04:18.059
मन्सा, वाचा, संबंध-सम्पर्क।


100
01:04:18.059 --> 01:04:21.460
चार ही में।


101
01:04:23.199 --> 01:04:42.159
चार में से अगर एक में भी कमज़ोर रह गये, तो सम्पन्न नहीं कहेंगे।


102
01:04:47.199 --> 01:05:01.760
चार बातें याद है ना - मन्सा, वाचा,सम्बन्ध-सम्पर्क में कर्म आ गया।


103
01:05:09.559 --> 01:05:12.530
चार ही बातों में।


104
01:05:13.059 --> 01:05:23.659
ऐसे नहीं मन्सा वाचा में तो हम ठीक हैं, सम्बन्ध-सम्पर्क में थोड़ा है।


105
01:05:26.929 --> 01:05:45.059
सुनाया ना - जिसके सामने भी जायें, चाहे जिसके भी सम्पर्क में जायें वह अनुभव करे कि यह मेरा है।


106
01:05:46.860 --> 01:05:51.329
मेरे के ऊपर हुज्जत होती है ना।


107
01:05:57.000 --> 01:06:14.300
दूसरे के ऊपर इतना हल्कापन नहीं होता है, थोड़ा भारी होता है लेकिन अपने के ऊपर हल्कापन होता है।


108
01:06:16.599 --> 01:06:31.599
तो सबसे हल्के, ऐसे नहीं सिर्फ अपने जोन में हल्के, अपने सेन्टर में हल्के, नहीं।
Be light with everyone, not just those from your own zone or centre - whoever you come into connection with should experience that you belong to them.

109
01:06:33.760 --> 01:06:45.030
अगर जोन में हल्के या सेन्टर में हल्के, तो विश्वराजन कैसे बनेंगे?
There is lightness with those whom you feel belong to you.

110
01:06:48.630 --> 01:06:57.800
न विश्वकल्याणकारी बन सकते हैं,न विश्वराजन बन सकते हैं।


111
01:07:00.329 --> 01:07:17.000
राजन का अर्थ यह नहीं है कि तख्त पर बैठें,राजधानी में रॉयल फैमिली में भी राज्य अधिकार है, राज्य का।


112
01:07:33.000 --> 01:07:35.929
तो क्या करेंगे?


113
01:07:35.929 --> 01:07:40.630
कब तक के प्रश्न का उत्तर देंगे ना ?


114
01:07:40.630 --> 01:07:43.400
मीटिंग करेंगे?


115
01:07:43.400 --> 01:07:49.429
मीटिंग करके फाइनल करना।


116
01:07:49.429 --> 01:07:51.429
ठीक है?


117
01:08:01.300 --> 01:08:04.260
अच्छा।


118
01:08:04.260 --> 01:08:17.560
सभी ठीक हैं, उमंग आता है कि करना ही है होना ही है?


119
01:08:20.859 --> 01:08:24.760
बापदादा उमंग उल्लास दिलाता है।
BapDada is giving you zeal.

120
01:08:25.699 --> 01:09:14.930
माया देखती है उमंग उल्लास में हैं तो कुछ-न-कुछ कर लेती है क्योंकि उसका भी अभी अन्तिमकाल नजदीक है ना।तो वह अपने अस्त्र-शस्त्र जो भी हैं वह यूज करती है और ऐसी पालना करती है जो समझ नहीं सकते हैं कि यह माया की पालना है, माया की मत है या बाप की मत है,उसमें मिक्स कर देते हैं।
When Maya sees that you have this she uses all her weapons and gives you such sustenance that you don’t even understand that it is Maya’s sustenance.Maya’s directions get mixed with the Father’s.

121
01:09:29.800 --> 01:10:21.699
यह फरिश्तेपन में या पुरूषार्थ में विशेष जो रूकावट होती है, उसके दो शब्द ही हैं जो कामन शब्द हैं, मुश्किल भी नहीं हैं और सभी यूज भी करते हैं अनेक बार।वह क्या है?मैं और मेरा।
The main obstruction in becoming an angel is the two words “I” and “mine”.

122
01:10:24.359 --> 01:10:37.130
बापदादा ने बहुत सहज विधि पहले भी बताई है, इस मैं और मेरे को परिवर्तन करने की।


123
01:10:38.329 --> 01:10:40.930
याद है?


124
01:10:42.329 --> 01:11:21.600
देखो,जिस समय आप मैं शब्द बोलते हो ना,उस समय सामने मैं हूँ ही आत्मा, मैं शब्द बोलो और सामने आत्मा रूप को लाओ।मैं शब्द ऐसे नहीं बोलो, मैं, आत्मा।
So when you use the word “I” see the soul in front of you.

125
01:11:25.130 --> 01:11:36.630
यह नेचुरल स्मृति में लाओ, मैं शब्द के पीछे आत्मा लगा दो।


126
01:11:38.359 --> 01:11:41.060
मैं आत्मा।


127
01:11:41.600 --> 01:11:55.600
जब मेरा शब्द बोलते हो तो पहले कहो मेरा बाबा, मेरा रूमाल, मेरी साड़ी, मेरा यह।
When you use the word “mine” then first say “my Baba”.

128
01:11:56.760 --> 01:12:01.729
लेकिन पहले मेरा बाबा।
Make this your nature, and natural, so that when you say “mine” Baba comes in front of you, and when you say “I” the soul comes in front of you.

129
01:12:04.729 --> 01:12:11.529
मेरा शब्द बोला, बाबा सामने आया।


130
01:12:11.529 --> 01:12:23.659
मैं शब्द बोला आत्मा सामने आई, यह नेचर और नेचुरल बनाओ।


131
01:12:25.659 --> 01:12:30.729
सहज है, ना कि मुश्किल है।


132
01:12:32.729 --> 01:12:35.659
जानते ही हो मैं आत्मा हूँ।


133
01:12:36.460 --> 01:12:55.359
सिर्फ उस समय मानते नहीं हो।जानना 100परसेन्ट है,मानना परसेन्टेज में है।


134
01:13:07.130 --> 01:13:22.000
जब बॉडी कान्सेस नेचुरल हो गया,याद करना पड़ता है क्या मैं बॉडी हूँ ?


135
01:13:23.460 --> 01:13:27.229
नेचरल याद है ना।


136
01:13:32.529 --> 01:13:42.500
तो मैं शब्द मुख के पहले तो संकल्प में आता है ना।


137
01:13:42.500 --> 01:13:54.000
तो संकल्प में भी मैं शब्द आवे तो फौरन आत्मा स्वरूप सामने आये।


138
01:14:05.630 --> 01:14:11.329
सहज नहीं है यह अभ्यास करना।


139
01:14:11.329 --> 01:14:21.199
सिर्फ मैं शब्द नहीं बोलना, आत्मा साथ में बोलना,पक्का हो जायेगा।


140
01:14:21.199 --> 01:14:29.000
है ना पक्का।


141
01:14:30.000 --> 01:14:36.100
दूसरे को भी कोई बुलायेगा तो आप ऐसे ऐसे करेंगे।


142
01:14:41.300 --> 01:14:44.630
तो मैं आत्मा हूँ।


143
01:14:47.300 --> 01:15:09.000
आत्मा का संसार बापदादा।आत्मा का संस्कार ब्राह्मण सो फरिश्ता,फरिश्ता सो देवता।
The world of the soul is BapDada, The sanskars of the soul are to be a Brahmin becoming an angel, and an angel becoming a deity.

144
01:15:15.260 --> 01:15:21.930
तो क्या करेंगे,यह मन की ड्रिल।


145
01:15:24.659 --> 01:15:30.430
आजकल डाक्टर्स भी कहते हैं ड्रिल करो, ड्रिल करो।


146
01:15:32.199 --> 01:15:34.859
एक्सरसाइज।


147
01:15:35.800 --> 01:15:46.029
तो यह एक्सरसाइज करो।मैं आत्मा।मेरा बाबा।
So perform this exercise - I the soul - my Baba.

148
01:15:52.060 --> 01:16:09.359
क्योंकि समय की गति को ड्रामानुसार स्लो करना पड़ता है।
According to the drama, the speed of time has to be slowed down.

149
01:16:15.399 --> 01:16:32.130
होना चाहिए क्रियेटर को तीव्र, क्रियेशन को नहीं लेकिन अभी के प्रमाण समय तेज जा रहा है।
The creator should be fast, not the creation, but at present time is going fast.

150
01:16:35.130 --> 01:16:43.000
प्रवृति एवररेडी है सिर्फ आर्डर के लिए रूकी हुई है।
Nature is ever-ready - it is just waiting for its orders.

151
01:16:46.829 --> 01:16:51.859
ड्रामा का समय ही आर्डर करेगा ना।
Time will give orders to the drama will it not?

152
01:16:59.699 --> 01:17:21.630
स्थापना वाले अगर एवररेडी नहीं होंगे तो विनाश के बाद क्या प्रलय होगी?होनी है प्रलय?कि विनाश के बाद स्थापना होनी ही है?
If those who are carrying out establishment are not ever-ready, there will be annihilation after destruction - so is establishment definitely going to take place after destruction?

153
01:17:30.399 --> 01:18:11.260
तो स्थापना के निमित्त बने हुए अभी समय प्रमाण एवररेडी होने चाहिए।बापदादा यही देखने चाहते हैं, जैसे ब्रह्मा बाप अर्जुन बना ना,एक्जैम्पुल बना ना।
Those who have become instruments for establishment have to be ever-ready now, according to the time - this is what BapDada wants to see.

154
01:18:11.260 --> 01:18:21.529
ऐसे ब्रह्मा बाप को फॉलो करने वाले कौन बनते हैं?


155
01:18:46.560 --> 01:18:51.460
स्वयं को भी देखो,समय को भी देखो।
Look at yourself and also see the time.

156
01:18:58.460 --> 01:19:55.060
बापदादा ने पहले भी कहा कि वर्तमान समय आप सभी ब्राह्मण सो फरिश्ते आत्माओं को निमित्तभाव और निमार्कणभाव,इन दोनों शब्दों को अण्डरलाइन करना है।इसमें बॉडी कान्सेस का मैंपन खत्म हो जायेगा।
BapDada has already told you that you must have the consciousness of being an instrument, and also have feelings of humility.Underline both these words, and the “I” and “mine” of body- consciousness will end.

157
01:19:55.060 --> 01:19:58.930
मेरापन भी खत्म हो जायेगा।


158
01:20:02.359 --> 01:20:12.600
निमित्त हूँ और निमार्कण स्वभाव।
I am a humble instrument.

159
01:20:20.060 --> 01:20:27.000
जितना निमार्कण होते हैं ना उतना मान मिलता है।
Humility brings respect.

160
01:20:31.329 --> 01:20:48.899
क्योंकि जो निमार्कण होता है ना वह सबका प्यारा बन जाता है।और जब प्यारा बन जाता है तो मान तो आटोमेटिकली मिलेगा।
Those who are humble are loved by all, and those who are loved receive respect.

161
01:21:01.359 --> 01:21:38.800
तो निमित्त और निमार्कणभाव और भावना, शुभभावना।भाव और भावना दो चीज़ें होती हैं तो निमित्त और निमार्कणभाव और भावना हर एक के प्रति शुभभावना, शुभकामना।
So be an instrument, be humble, and also have good wishes and pure feelings for everyone, no matter what they are like.

162
01:21:42.159 --> 01:22:16.859
कैसा भी हो,आपके निमित्त निमार्कणभाव और शुभभावना वायुमण्डल ऐसा बनायेगी,जो सामने वाला भी वायब्रेशन से बदल जायेगा।
Create such an atmosphere that others will change through your vibrations.

163
01:22:24.300 --> 01:22:50.600
कई बच्चे रूहरिहान करते हैं ना तो कहते हैं हमने एक मास से शुभ भावना रखी, वह बदलता ही नहीं है।


164
01:22:52.359 --> 01:22:56.329
फिर थक जाते हो, दिलशिकस्त हो जाते हैं।


165
01:23:01.229 --> 01:23:19.829
अभी उस बिचारे की जो वृत्ति है या दृष्टि है वह है ही पत्थर जैसी,उसमें थोड़ा तो टाइम लगेगा ना।


166
01:23:21.800 --> 01:23:38.399
अच्छा मानो वह नहीं बदलता है तो आप अपने को तो ठीक रखो ना।आप तो अपनी पोजीशन में रहो ना।
Even if they don’t change, at least keep yourself OK, at least stay in your position.

167
01:23:39.199 --> 01:23:42.899
आप क्यों दिलशिकस्त हो जाते हो।


168
01:23:55.859 --> 01:23:58.659
दिलशिकस्त नहीं हो।


169
01:23:58.659 --> 01:24:06.329
अच्छा वह नहीं बदला तो मैं भी उसके साथ बदल न जाऊँ।


170
01:24:06.329 --> 01:24:15.260
दिलशिकस्त हो जाना, वह पावरफुल हुआ जो उसने आपको बदल लिया।


171
01:24:24.659 --> 01:24:32.060
आप अपने स्वमान की सीट क्यों छोड़ते हो?
Do not leave your seat of self respect.

172
01:24:37.859 --> 01:25:00.399
वेस्ट थोट्स भी नहीं उठना चाहिए,क्यों?क्यों कहा और वेस्ट थोट्स का दरवाजा खुला।वह दरवाजा बन्द बहुत मुश्किल होता है।
No waste thoughts as to “why” should ever arise - do not open the door to waste thoughts, or it will be difficult to close it again.

173
01:25:07.460 --> 01:25:17.260
इसीलिए क्यों नहीं सोचो, पॉवरफुल होकर वायब्रेशन देते रहो।
Be merciful and continue to give vibrations.

174
01:25:33.859 --> 01:26:31.760
आप अपनी सीट छोडकर क्यों दिलशिकस्त हो जाते हो?याद रखा ना पोजीशन से नीचे नहीं आओ, फिर बहुत आपोजीशन हो जाती है।व्यक्ति-व्यक्ति में आपोजीशन हो जाती है,स्वभाव संस्कार में आपोजीशन हो जाती है, विचारों में आपोजीशन हो जाती है इसलिए पोजीशन में रहो।
If you leave your position there will be opposition in nature and sanskars, and in ideas.

175
01:26:39.000 --> 01:26:41.800
तो कल क्या करेंगे?


176
01:26:41.800 --> 01:26:43.800
याद है?


177
01:26:55.430 --> 01:27:05.729
बापदादा का प्यार है ना, तो बापदादा समझते हैं सब ब्रह्मा बाप समान बन जायें।


178
01:27:10.760 --> 01:27:42.060
क्या बाप के आगे आपोजीशन नहीं आई, ब्रह्मा बाप के आगे आपोजीशन नहीं हुई, माया की भी हुई, आत्माओं की भी हुई, प्रकृति की भी हुई, लेकिन ब्रह्मा बाप ने पोजीशन छोड़ी?
Follow Father Brahma - did he leave his position when there was opposition from souls and from nature?

179
01:27:42.060 --> 01:27:49.100
नहीं छोड़ी ना।तभी फरिश्ता बना ना।
He didn’t - this is how he became an angel.

180
01:27:57.159 --> 01:28:29.130
तो अभी एक दो को अपने को तो फिरिश्ता समझकर चलो।मैं फरिश्ता हूँ,सब फरिश्ते हैं।न मेरा,पुराने संसार संस्कार से नाता, न इन कोई ब्राह्मणों का।बस खत्म।
Now move along while seeing yourself and each other as angels - I am an angel, all are angels - I have no connection with the old world and sanskars, nor do any of these Brahmins - all of that has finished.

181
01:28:36.199 --> 01:28:41.600
यह भी फरिश्ता यह भी फरिश्ता उसी नजर से देखो।
Look at everyone with the vision: this one is an angel, that one is an angel.

182
01:28:42.529 --> 01:28:45.500
वायुमण्डल फैलाओ।
Spread this atmosphere.

183
01:29:01.260 --> 01:29:04.729
अच्छा।
Achcha.

184
01:29:04.729 --> 01:29:12.000
डबल फारेनर्स हैं ना तो डबल नशा चढ़ा रहे हैं।


185
01:29:21.359 --> 01:29:25.560
आज चांस मिला है ना!


186
01:29:26.159 --> 01:29:37.060
यह भी देखो भारतवासियों की सहानुभूति है आपसे।


187
01:29:38.560 --> 01:29:45.829
आपको चांस देके खुद नीचे बैठे हैं,देखो।


188
01:29:54.029 --> 01:30:06.000
नीचे बैठने वालों को बापदादा त्याग का भाग्य जमा कर ही रहा है।


189
01:30:16.130 --> 01:30:17.729
अच्छा।


190
01:30:17.729 --> 01:30:19.729
अभी क्या करना है?


191
01:30:50.000 --> 01:31:10.399
सभी जैसे अभी अभी बहुत मीठा मुस्कुरा रहे हो।ऐसे ही सदा रहना।
Just as all of you are smiling very sweetly now, always remain just like that.

192
01:31:12.930 --> 01:31:20.899
कभी भी किसी से भी बात करो ना,मुस्कुराओ जरूर।
Whenever you speak to anyone, then always smile.

193
01:31:22.000 --> 01:31:31.000
आपके मुस्कुराने से उसका आधा दुख तो दूर हो जायेगा।
When you smile, half the other person’s sorrow will be removed.

194
01:31:34.329 --> 01:31:39.960
चैरिटी बिगन्स एट होम।
Charity begins at home.

195
01:31:44.800 --> 01:31:59.800
किसी से भी बोलो, साथी से ब्राह्मण से चाहे अज्ञानी से,मुस्कुराता चेहरा, रूहे गुलाब।
Whoever you speak to, whether it is your companions, Brahmins, or those without knowledge, have a smiling face - be a spiritual rose.

196
01:32:04.500 --> 01:32:12.260
सीरियस होके नहीं बोलो, क्या कर रहे हो, क्यों कर रहे हो, नहीं।


197
01:32:18.130 --> 01:32:21.300
मुस्कुराके बोलो।


198
01:32:26.060 --> 01:32:29.159
मुस्कुराने का स्टॉक है?


199
01:32:29.159 --> 01:32:35.159
खत्म तो नहीं हो गया?


200
01:32:40.260 --> 01:32:46.930
मुस्कुराया हुआ चेहरा, कितना अच्छा लगता है।


201
01:32:54.699 --> 01:33:03.500
जोश वाला चेहरा दूसरा देखके ही हट जाना चाहता है।


202
01:33:10.100 --> 01:33:16.000
और मुस्कुराने वाले चेहरे के नजदीक जाने चाहेंगे।
Everyone wants to go close to someone with a smiling face.

203
01:33:22.560 --> 01:33:31.260
तो आपको अभी का मुस्कुराता हुआ चेहरे का फोटो निकालकर देवें।


204
01:33:31.260 --> 01:33:39.300
वह फोटो अपने साथ रखेंगे, कागज का रखेंगे या दिल का?


205
01:33:51.899 --> 01:33:53.500
अच्छा।


206
01:33:55.829 --> 01:35:02.029
(76 देशों से आये हैं - कई ग्रुप भी हैं - जैसे सर्व अफ्रीका कोर ग्रुप) -अच्छी सेवा कर रहे हैं, बापदादा को समाचार मिला था कि निर्विघ्न फास्ट सेवा हो रही है।


207
01:35:06.359 --> 01:35:17.699
जैसे अफ्रीका ने सन्देश देने का फास्ट किया है, ताली तो बजाओ।


208
01:35:17.699 --> 01:35:19.699
मुबारक हो।


209
01:35:27.729 --> 01:35:36.130
ऐसे सभी को करना आवश्यक है।


210
01:35:36.130 --> 01:35:38.430
प्लैन बनाओ सेवाका।


211
01:35:38.430 --> 01:35:46.159
बनाओ लेकिन सेवा करो तो बोझवाली सेवा नहीं करो।


212
01:35:50.430 --> 01:36:02.159
कई बच्चे सेवा के बाद इतने थक जाते हैं तो कोई मालिश-पालिस वाला चाहिए।


213
01:36:10.000 --> 01:36:29.329
सेवा यथार्थ वह है जिसमें खुशी मिले, हल्कापन हो।


214
01:36:31.329 --> 01:36:33.699
प्राप्ति होती है ना।


215
01:36:34.029 --> 01:36:37.630
प्राप्ति में थकावट होती है क्या?


216
01:36:39.760 --> 01:36:49.529
कई बच्चे पुरूषार्थ भी ऐसा करते हैं भारी पुरूषार्थ मेहनत का।


217
01:36:51.529 --> 01:37:07.159
फाउण्डेशन है मुहब्बत स्नेह।बाप और बच्चे का स्नेह, सेवा से आत्माओं को बाप से स्नेह का फल मिलता है।
The foundation of service is love between the Father and the child.Through service souls receive the fruit of the Father’s love.

218
01:37:09.630 --> 01:37:47.600
तो सेवा भी करते हैं तो भारी रूप नहीं,हल्का।सेवा बोझवाली नहीं है सेवा हल्का बनाने वाली है।पुरूषार्थ भी मेहनत से नहीं करो।बापदादा को मेहनत अच्छी नहीं लगती।हैं मास्टरसर्वशक्तिवान और मेहनत कर रहे हैं।
So remain light - there should be no burden - BapDada doesn’t like you to labour - you are master almighty authorities.

219
01:37:50.100 --> 01:37:53.159
अच्छा लगता है?


220
01:37:54.529 --> 01:37:59.560
न पुरूषार्थ में न सेवा में।


221
01:37:59.560 --> 01:38:07.500
तो बापदादा ने देखा, इन्हों की रिजल्ट का समाचार सुना।


222
01:38:07.500 --> 01:38:25.699
उमंग-उत्साह से कर रहे हैं और विशेषता यह है कि अपने आपस में ही हैण्डस निकालके आगे बढ़ रहे हैं।


223
01:38:27.130 --> 01:38:34.060
नहीं तो कई कहते हैं सेवा बहुत हैं, हैण्डस नहीं हैं।


224
01:38:35.359 --> 01:38:47.300
हैण्डस होवें तो सेवा बढ़ जाये लेकिन इन्होंने यह माँगनी नहीं की, यह विशेषता है।


225
01:38:48.930 --> 01:38:55.899
अपने ही हैण्ड तैयार किये,कैसे भी किये, किये।


226
01:38:58.560 --> 01:39:05.800
अपने ही हैण्डस तैयार किये और बढ़ते जा रहे है।


227
01:39:12.600 --> 01:39:15.729
फास्ट वृद्धि की है ना?


228
01:39:19.300 --> 01:39:28.630
क्या विशेषता सुनाई थी, जितनी जोन में सेवा नहीं हुई है उतनी अभी हुई है।


229
01:39:30.430 --> 01:39:42.560
फास्ट हुई है ना, मुबारक हो।


230
01:39:42.560 --> 01:39:46.430
अच्छा कर रहे हैं।


231
01:39:56.359 --> 01:40:27.899
पीस आफ माइंड ग्रुप -अच्छा किया।


232
01:40:41.159 --> 01:40:54.029
अभी जो ग्रुप आया उनको पालना करना।


233
01:40:55.630 --> 01:41:02.529
जैसे स्थापना की ना तो पालना भी करते रहना।


234
01:41:04.060 --> 01:41:14.029
कनेक्शन नहीं तोड़ना, कुछ न कुछ उन्हों को भेजते रहो,कनेक्शन जोड़ते रहो।


235
01:41:15.699 --> 01:41:18.600
ठीक है ना।


236
01:41:22.359 --> 01:41:51.560
बापदादा ने समाचार सुना है तो यह जो करते हैं - कॉल आफ टाइम,कॉल आफ टाइम वाले कुछ न कुछ भेजते रहते हैं।


237
01:41:52.859 --> 01:42:02.359
तो कनेक्शन रख रहे हैं ना,ऐसे आप सभी भी कनेक्शन रखते रहो।


238
01:42:04.100 --> 01:42:17.029
चलो पहले सम्पर्क में आये, फिर संबंध में आवे,फिर संबंध में आते-आते ब्राह्मण बन जायेंगे।


239
01:42:20.029 --> 01:42:23.060
तो आगे बढ़ाते रहो उन्हों को।


240
01:42:23.060 --> 01:42:51.359
बीच-बीच में उन्हों को बुलाके चाहे भिन्न-भिन्न देश के वहाँ बुलाया लेकिन आप उसकी जिम्मेवारी लो,बुलाया क्या उसकी रिजल्ट है, तब आगे बढ़ेंगे।


241
01:42:53.529 --> 01:43:02.630
प्रोग्राम अच्छे करते हो लेकिन पालना कम हाती है।


242
01:43:04.760 --> 01:43:12.529
पालना न मिलने से,क्या है जन्म तो ले लिया लेकिन बढ़ते नहीं हैं।


243
01:43:12.529 --> 01:43:25.960
आयु बिचारों की वही रहती है,आयु आगे बढ़ती नहीं है तो ऐसे करना।


244
01:43:28.430 --> 01:43:31.100
लेकिन किया अच्छा है।


245
01:43:31.100 --> 01:43:40.100
बापदादा तो वतन में बैठे भी देखते हैं समाचार भी सुनते हैं।


246
01:43:42.300 --> 01:43:50.329
समाचार बापदादा को बहुत अच्छा लगता है,थकता नहीं है।


247
01:43:56.659 --> 01:43:58.630
तो मुबारक हो।


248
01:43:58.630 --> 01:44:07.460
सन्देश देने वाले सन्देशवाहक बनें, इसकी मुबारक हो।


249
01:44:09.029 --> 01:44:16.829
ताली बजाओ।


250
01:44:20.229 --> 01:45:36.560
(पीस आफ माइन्ड के कुछ सैम्पुल बैठे हैं, बापदादा ने सबको आगे बुलाया - टोटल 6 हैं।


251
01:46:44.800 --> 01:47:14.359
) यह देखो कितना अच्छा एक्जैम्पुल है, तो दिल से आप सभी को यह सब ब्राह्मण आत्मायें पीसफुल बनने की मुबारक दे रहे हैं।


252
01:47:34.930 --> 01:47:39.199
पीसफुल बनने की मुबारक।


253
01:47:39.199 --> 01:47:47.229
अभी नया जन्म हुआ ना।


254
01:47:49.000 --> 01:47:52.000
तो बर्थ डे हो गई आज।


255
01:47:54.500 --> 01:48:00.560
तो आपके बर्थ डे की मुबारक दे रहे हैं।


256
01:48:10.560 --> 01:48:16.699
अच्छा,तो देखो सेवा की तो फल भी मिला।


257
01:48:19.159 --> 01:48:20.630
अच्छा।


258
01:48:51.600 --> 01:49:23.930
इन्टरफेथ कोर ग्रुप -अच्छा इन्टरफेथ वाले।


259
01:49:31.460 --> 01:49:34.630
अच्छा है।


260
01:49:36.460 --> 01:49:39.729
यह सेवाधारी होके आये हैं।


261
01:49:43.430 --> 01:49:56.300
अच्छा है सबको सन्देश देने में यह भी क्यों रह जाएं।


262
01:49:57.699 --> 01:50:00.229
तो अच्छा किया।


263
01:50:00.760 --> 01:50:04.000
इस ग्रुप को भी बुलाया।


264
01:50:07.229 --> 01:50:17.829
और विशेष बापदादा ने देखी कि इन्टरनेशनल रूप में किया।


265
01:50:20.029 --> 01:50:32.300
देश और विदेश ने मिलके एक संकल्प लेके किया यह बहुत अच्छा किया।


266
01:50:35.060 --> 01:50:49.229
और सक्सेस भी हुआ तो इन्टरनेशनल प्रोग्राम सक्सेस किया इसकी मुबारक है।


267
01:50:55.529 --> 01:51:11.699
और आगे भी इस ग्रुप को बढ़ाते रहना क्योंकि यह तो आपके साथी हैं ना,आध्यात्मिक तो है ना।


268
01:51:13.460 --> 01:51:23.359
इन्हों में से एक भी परिवर्तन होके माइक बनें तो बहुत सेवा कर सकता है।


269
01:51:28.100 --> 01:51:32.100
तो अच्छा किया बापदादा खुश है।


270
01:51:32.100 --> 01:51:38.699
और सभी भी खुश, तभी तो ताली बजाई।


271
01:51:42.260 --> 01:51:44.930
आगे बढ़ाते रहना।


272
01:51:44.930 --> 01:51:48.899
छोड़ नहीं देना।


273
01:51:50.000 --> 01:51:57.260
जैसे यह कॉल आफ टाइम करते रहते हैं ना ऐसे करते रहना।


274
01:51:57.260 --> 01:51:59.260
आगे बढ़ाते रहना।


275
01:52:01.100 --> 01:52:03.029
अच्छा।


276
01:52:06.859 --> 01:53:11.960
जानकी फाउण्डेशन और वैल्यु ट्रेनिंग ग्रुप - बहुत अच्छा बापददादा ने देखा नये-नये विधि द्वारा सन्देश पहुँचाने का कार्य अच्छा है क्योंकि आजकल हेल्थ कान्सेस तो सबसे ज्यादा हैं।


277
01:53:15.500 --> 01:53:29.729
तो इस विधि से एक किताब भी दिखाया था बापदादा को,वह भी अच्छा सेवा के निमित बनेगा।


278
01:53:35.300 --> 01:54:01.430
लेकिन जैसे नाम है फाउण्डेशन,वैसे ही याद और सेवा का फाउण्डेशन कम्बाइन्ड करते हुए जानकी फाउण्डेशन को आगे बढ़ाते रहना।


279
01:54:04.130 --> 01:54:06.130
ठीक है ना।


280
01:54:06.130 --> 01:54:14.659
हाँ क्योंकि आपकी सेवा विस्तार में बहुत आगे बढ़ सकती है।


281
01:54:18.159 --> 01:54:21.899
बढ़ रही है और बढ़ती रहेगी।


282
01:54:22.699 --> 01:54:31.430
वैल्यु का बुक देखा था।


283
01:54:33.100 --> 01:54:42.760
अच्छे उमंग-उत्साह से सेवा करने का फल प्रत्यक्ष मिलता है।


284
01:54:45.829 --> 01:54:54.460
जितना आगे बढ़ते जायेंगे उतने नजदीक आते जायेंगे।


285
01:54:54.460 --> 01:54:57.630
यह सब तरफ किया है।


286
01:54:57.630 --> 01:55:09.159
जो भी फाउण्डेशन है अलग-अलग वह इस फाउण्डेशन में समीप आते जायेंगे।


287
01:55:15.500 --> 01:55:17.430
थकते तो नहीं हैं ना।


288
01:55:17.430 --> 01:55:24.829
डबल सेवा करते हो ना जॉब भी करते हो, यह भी करते हो।


289
01:55:27.899 --> 01:55:36.329
तो डबल सेवा,डबल विदेशी इसकी डबल मुबारक हो।


290
01:55:48.800 --> 01:55:51.100
बहुत अच्छा।


291
01:55:53.329 --> 01:56:23.829
आई.टी.ग्रुप-अच्छा यह देश विदेश इकठ्ठा है।


292
01:56:24.960 --> 01:56:31.760
कोई नया प्लैन बनाया है?


293
01:56:43.060 --> 01:56:54.229
नया वेबसाइट बनाया है और मुरली का नया सिस्टम शुरू किया है।


294
01:56:54.229 --> 01:56:58.460
उसके अलावा नया ईमेल का सिस्टम बनाया है।


295
01:57:04.529 --> 01:57:09.560
क्योंकि इससे आवाज तो चारों ओर फैल सकता है।


296
01:57:13.130 --> 01:57:25.760
इसको एकाग्र होके नये-नये प्लैन बनाते जाओ और बढ़ते जाओ।


297
01:57:25.760 --> 01:57:31.829
क्योंकि देश विदेश दोनों का कनेक्शन है ना।


298
01:57:33.960 --> 01:57:48.430
जितना इस डिपार्टमेंट को आगे बढ़ाते जायेंगे उतना एक स्थान पर बैठे बहुतों को सन्देश दे सकेंगे।


299
01:57:51.300 --> 01:57:55.529
यह बहुत अच्छा साधन मिला है।


300
01:57:55.960 --> 01:58:09.029
साधन द्वारा सन्देश देने का कार्य यही आपके डिपार्टमेंट की साधना हो जायेगी।


301
01:58:11.199 --> 01:58:13.659
अच्छा किया है।


302
01:58:15.430 --> 01:58:23.899
यह मोहिनी हैण्डिल करती है, अच्छा है।


303
01:58:32.300 --> 01:58:46.359
देखो वह पीस वाला करती,वह कॉल आफ टाइम करती, अच्छी सीट ली है।


304
01:58:48.500 --> 01:59:05.859
बापदादा डबल विदेशियों को भिन्न-भिन्न सेवा की मुबारक के साथ दुआयें भी दे रहे हैं।


305
01:59:12.229 --> 01:59:14.630
दुआयें हों।


306
01:59:22.000 --> 01:59:25.460
(दादी भी दुआयें दे रही हैं।)


307
01:59:34.560 --> 01:59:39.699
ट्रेवलर फिल्म ग्रुप-यह फिल्म बना रहे हैं।


308
02:00:10.159 --> 02:00:19.100
अच्छा है क्योंकि आजकल कलचरल प्रोग्राम भी सबको पसन्द आता है।


309
02:00:19.100 --> 02:00:32.300
पूरा कोर्स करा लेते हो,कलचरल में ही सारा कोर्स हो जाता है।


310
02:00:32.300 --> 02:00:34.729
यह बहुत अच्छा है।


311
02:00:35.529 --> 02:00:39.100
बापदादा को पसन्द है।


312
02:00:39.100 --> 02:00:42.260
देखा भी है।


313
02:00:43.829 --> 02:00:48.859
अच्छा कर रहे हो।


314
02:00:50.430 --> 02:00:53.100
आप कहेंगे अभी दिखायेंगे।


315
02:00:53.100 --> 02:00:57.000
लेकिन बापदादा ने देख लिया है।


316
02:01:03.130 --> 02:01:23.829
इन साधनों द्वारा तो फिर भी देख लेंगे लेकिन बापदादा के पास आपसे भी बहुत बड़ी मशीनरी है उसमें देख लिया है।


317
02:01:24.960 --> 02:01:34.859
अच्छा कर रहे हैं करते रहेंगे, बाप को प्रत्यक्ष करते ही रहेंगे।


318
02:01:35.560 --> 02:01:44.329
बहुत अच्छा, मुबारक हो।


319
02:02:05.029 --> 02:02:34.829
मिडिल इस्ट सेवा में बहुत आगे जा रहे हैं:-बहुत अच्छे-अच्छे रतन हैं।


320
02:03:03.300 --> 02:03:11.060
एक-एक की विशेषता अपनी अपनी है।


321
02:03:16.300 --> 02:03:29.960
करावनहार करा रहा है और आप बच्चे निमित्त बनके कर रहे हैं।


322
02:03:35.029 --> 02:03:49.659
सब अच्छे उमंग-उत्साह का सर्टिफिकेट दादियों द्वारा मिला है इसकी तो बहुत-बहुत मुबारक हो।


323
02:03:57.899 --> 02:04:04.100
लेकिन इसका कारण क्या?


324
02:04:04.100 --> 02:04:21.560
जिस भी सेवा स्थान का सेवा का वृद्धि होती है और निर्विघ्न होते हैं उसका कारण क्या होता है?


325
02:04:23.229 --> 02:04:25.430
जानते हो?


326
02:04:28.500 --> 02:04:31.229
पालना।
Once children have taken birth, they must be given sustenance or they do not grow.

327
02:04:31.229 --> 02:05:16.430
कई सेन्टर्स में वी.आई.पी की सेवा बहुत अच्छी करते हैं लेकिन स्टूडेन्ट की पालना कम करते हैं| इसीलिए स्टूडेन्ट बढ़ते नहीं हैं।और स्टूडेन्ट रेग्युलर सेवा के उमंग-उत्साह में नहीं रहेंगे,क्लास करेंगे, जो कहेंगे वह करेंगे लेकिन अपने उमंग-उत्साह में नहीं आयेंगे।
In many centres, very good service of VIPs takes place, but the students are not being sustained as much, so their number doesn’t increase - they will come to class and do whatever you ask them, but will not have their own zeal.

328
02:05:17.859 --> 02:05:23.960
तो यह रिजल्ट है पालना की।


329
02:05:24.699 --> 02:05:26.960
मुबारक हो।


330
02:05:31.060 --> 02:06:02.300
सभी जो भी टीचर्स निमित्त बैठी हैं वह जितनी वी.आई.पी. का अटेन्शन रखते हो, उतनी पालना स्टूडेन्ट की भी रखो।स्टूडेन्ट में नवीनता लाओ,कोई न कोई नवीनता लाने से उमंग-उत्साह बढ़ेगा।
So, all the instrument teachers who are sitting here - however much attention you are giving to the VIPs, also give just as much attention to the students - bring newness to the students.By bringing one newness or another, zeal will increase.

331
02:06:05.100 --> 02:06:16.960
बहुत बिजी हो जाते हो सेवा में फिर थक जाते हो,फिर पालना इतनी रूचि से नहीं करते हो।
You become very busy in service and you become tired, and you don’t give sustenance with that much interest.

332
02:06:21.130 --> 02:06:31.359
पहले तो राजधानी तैयार करो।वह तो स्टूडेन्ट से ही होगी ना।
First of all create a kingdom - that can only happen through the students.

333
02:06:33.029 --> 02:06:34.729
दिल से पालना करो।
Sustain them with your heart.

334
02:06:34.729 --> 02:06:40.560
एक-एक की कमज़ोरी हटाने की मेहनत करो।
Make effort to remove each one’s weakness.

335
02:06:40.560 --> 02:07:02.630
खुशी की मेहनत करो, बोझ वाली नहीं क्योंकि क्लास के स्टूडेन्ट जितना ज्यादा बढ़ेंगे उतनी राजधानी जल्दी तैयार होगी।
Work hard with happiness, not with a burden, because the more students there are in the class, the quicker the kingdom will be ready.

336
02:07:06.399 --> 02:07:15.130
जो सहयोगी हैं, उनको संबंध में लाओ स्टूडेन्ट बनाओ।
Bring into relationship those who are co-operative, and make them into students.

337
02:07:20.029 --> 02:07:38.000
अच्छा है,टीचर्स की महिमा सुनी थी बहुत अच्छी सेवा कर रहे हैं, अच्छे प्लैन बना रहे हैं।टीचर्स हाथ उठाओ।
Otherwise it is good - teachers are doing very good service - teachers raise your hands.

338
02:07:41.430 --> 02:07:50.899
अच्छा,आपको लाख गुणा बधाई हो।
Achcha.A hundred thousand fold greetings.

339
02:08:32.760 --> 02:09:41.100
अभी एक मिनट ऐसा पावरफुल सर्वशक्तियाँ सम्पन्न विश्व की आत्माओं को किरणें दो जो चारों ओर आपके शक्तियों का वायब्रेशन विश्व में फैल जाये।
Now become complete with all powers, and for one minute give souls of the world such powerful rays that the vibrations of your powers spread throughout the whole world.

340
02:12:12.159 --> 02:12:15.060
अच्छा।
Achcha.

341
02:12:26.960 --> 02:16:01.899
चारों ओर के ब्राह्मण सो फरिश्ते बच्चों को,सदा स्वदर्शन द्वारा स्व को चेक और चेंज करने वाले, ब्रह्मा बाप को फॉलो करने वाले फरमानबरदार बच्चों को, सदा डबल लाइट बन सेवा और पुरूषार्थ करने वाले फरिश्ते आत्माओं को,सदा अपनी पोजीशन की सीट पर सेट हो आपोजीशन को समाप्त करने वाले मास्टर सर्वशक्तिवान बच्चों को, संगमयुग का प्रत्यक्ष फल अनुभव करने वाले बाप के समीप बच्चों को बापदादा का यादप्यार और नमस्ते।
To all the Brahmin children everywhere who are to become angels; to those who check and change the self with realisation of the self; to the obedient children who follow Father Brahma; to the angelic souls who do service and make effort while always being double light; to the master almighty authority children who always remain seated in position, and finish all opposition; to the children who are close and who experience the practical fruit of the confluence age, BapDada’s love, remembrance, and namaste.

